गढ़-मेरठ मार्ग पर तेंदुआ दिखने की सूचना से मचा हड़कंप, वन विभाग ने किया निरीक्षण

गढ़-मेरठ मार्ग पर ग्राम दोताई के पास ज्ञान संजीवनी हॉस्पिटल के निकट बुधवार रात तेंदुआ देखे जाने की सूचना से वन विभाग में हड़कंप मच गया। तेंदुए की तस्वीर वायरल होने के बाद गुरुवार को प्रभारी डीएफओ गौतम सिंह ने क्षेत्रीय वन अधिकारी गढ़मुक्तेश्वर करण सिंह और वन विभाग की टीम के साथ मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया।

वायरल तस्वीर वाली जगह का किया निरीक्षण

वन विभाग की टीम ने उस पेड़ और आसपास के क्षेत्र का निरीक्षण किया, जिस पर तेंदुए की तस्वीर वायरल हुई थी। डीएफओ गौतम सिंह ने बताया कि मौके की स्थिति और पेड़ को देखने के बाद प्रथम दृष्टया वायरल तस्वीर उसी स्थान की प्रतीत हो रही है।

इसके बाद वन विभाग की टीम ने अस्पताल के डॉक्टरों और आसपास मौजूद लोगों को तेंदुए से बचाव के उपायों की जानकारी दी। ग्रामीणों से भी विशेष सावधानी बरतने की अपील की गई है।

सुबह-शाम और रात में विशेष सावधानी की अपील

वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार तेंदुआ सुबह, शाम और रात के समय अधिक सक्रिय रहता है। ऐसे में ग्रामीणों को इन समयों में अनावश्यक रूप से घर से बाहर नहीं निकलने की सलाह दी गई है। रात में बंद कमरे में सोने और पशुओं को भी सुरक्षित एवं बंद बाड़े में रखने के लिए कहा गया है।

अधिकारियों ने खुले में सोने और पशुओं को खुले स्थान पर बांधने से बचने की अपील की है।

झाड़ियों और कूड़े के ढेर पर भी रखें नजर

वन विभाग ने गांवों के आसपास झाड़ियां और कूड़ा-कचरा जमा नहीं होने देने की अपील की है। अधिकारियों के अनुसार झाड़ियां तेंदुए के छिपने का स्थान बन सकती हैं, जबकि कूड़ा जमा होने से वहां आवारा कुत्ते पहुंचते हैं, जो तेंदुए को शिकार के लिए आकर्षित कर सकते हैं।

ग्रामीणों को खेतों में काम करते समय भी विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। दिन के समय खेतों में अकेले न जाने और दो-चार लोगों के समूह में काम करने को कहा गया है। खेत में काम करते समय झुककर काम करने से बचने तथा किसी स्थान पर जाने से पहले आवाज करते हुए आगे बढ़ने की सलाह दी गई है।

बाढ़ के कारण आबादी की ओर आने की आशंका

वन विभाग के अनुसार गंगा नदी में बाढ़ का पानी फैलने से तेंदुओं के प्राकृतिक ठिकानों पर भी असर पड़ा है। गंगा का पानी तट से करीब पांच किलोमीटर तक फैल जाने के कारण निचले इलाकों की झाड़ियों और अन्य स्थानों में पानी भर गया है। ऐसे में तेंदुओं के सुरक्षित ठिकानों से निकलकर ऊंचे और आबादी के आसपास के क्षेत्रों की ओर आने की आशंका जताई जा रही है।

वन विभाग की टीम क्षेत्र में निगरानी बनाए हुए है। अधिकारियों ने ग्रामीणों से किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने और तेंदुआ दिखाई देने पर तत्काल वन विभाग को सूचना देने की अपील की है।