गौरव त्यागी हत्याकांड: चार पुलिसकर्मी लाइन हाजिर, फरार पांच आरोपियों पर 25-25 हजार का इनाम

गौरव त्यागी हत्याकांड में पुलिस विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। मामले में पुलिस की भूमिका को लेकर उठे सवालों के बीच मेरठ रेंज के डीआईजी कलानिधि नैथानी के निर्देश पर बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के कुचेसर चौपला चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है। वहीं, हत्याकांड में फरार पांच नामजद आरोपियों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।

चार पुलिसकर्मी लाइन हाजिर, विभागीय जांच के निर्देश

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधिकारियों ने बाबूगढ़ थाना क्षेत्र में तैनात पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच शुरू की है। शुरुआती जांच के आधार पर कुचेसर चौपला चौकी प्रभारी ओमकार गंगवार, पूर्व चौकी प्रभारी नीरज कुमार, हेड कांस्टेबल शाहिद और कांस्टेबल इकराम को तत्काल प्रभाव से लाइन हाजिर किया गया है।

विभागीय जांच के दायरे में बाबूगढ़ थाना प्रभारी, वर्तमान और पूर्व चौकी प्रभारी, संबंधित हल्का प्रभारी, बीट कर्मचारी और एलआईयू कर्मियों की भूमिका भी शामिल की गई है।

कचहरी जाते समय गौरव पर हुआ था हमला

बाबूगढ़ थाना क्षेत्र के गांव मोहम्मदपुर आजमपुर निवासी फतेह सिंह का इकलौता पुत्र गौरव त्यागी वर्ष 2021 के जमीन विवाद से जुड़े मुकदमे की पैरवी कर रहा था। मंगलवार को वह अधिवक्ता से मिलने कचहरी जा रहा था।

आरोप है कि गांव ददायरा और हापुड़ के बीच धनौरा के पास कार सवार सात लोगों ने उसका रास्ता रोक लिया। इसके बाद हथौड़ों और धारदार हथियारों से उस पर हमला किया गया। गंभीर रूप से घायल गौरव को पहले स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर मेरठ रेफर किया गया। उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।

दो गिरफ्तार, पांच अभी फरार

मृतक के परिजनों की तहरीर पर सात नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस की तीन टीमों ने कार्रवाई करते हुए राजवीर और जयपाल निवासी मोहम्मदपुर आजमपुर को गिरफ्तार कर लिया।

पांच आरोपी अभी फरार हैं। पुलिस अधीक्षक ने उनकी गिरफ्तारी पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। पुलिस टीमें गौतमबुद्धनगर, बुलंदशहर, गाजियाबाद, बागपत और मेरठ समेत आसपास के जिलों में दबिश दे रही हैं।

विधायक ने परिजनों से की मुलाकात

गढ़मुक्तेश्वर विधायक हरेंद्र तेवतिया ने मृतक के परिजनों से मुलाकात कर घटना पर दुख जताया और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया।

वहीं, कुछ सामाजिक संगठनों और ग्रामीणों ने आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। कुछ लोगों की ओर से आरोपियों के घरों पर बुलडोजर कार्रवाई और एनकाउंटर की मांग भी उठाई गई है। हालांकि, ऐसी किसी भी कार्रवाई का निर्णय कानून और निर्धारित प्रक्रिया के तहत ही होगा।

गौरव ने शस्त्र लाइसेंस के लिए भी किया था प्रयास

परिजनों के अनुसार, जमीन विवाद के चलते गौरव को अपनी जान का खतरा था और उसने वर्ष 2023 में शस्त्र लाइसेंस के लिए आवेदन किया था। परिवार का दावा है कि उसने जिला मुख्यालय से लेकर उच्च न्यायालय तक इस संबंध में प्रयास किया, लेकिन उसे लाइसेंस नहीं मिल सका।

परिजनों का कहना है कि यदि समय रहते उसे सुरक्षा या शस्त्र लाइसेंस मिल जाता तो संभवतः घटना को टाला जा सकता था। हालांकि, इस दावे और घटना के बीच संबंध की पुष्टि जांच के आधार पर ही हो सकेगी।

पिता ने मांगा कड़ी सजा और बच्चों के लिए मदद

गौरव के पिता फतेह सिंह ने आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके बेटे के दो छोटे बच्चे हैं और परिवार के सामने अब उनके भविष्य की चिंता भी है। उन्होंने सरकार से बच्चों के लिए आर्थिक सहायता की मांग की है।

पुलिस का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और मामले की जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।