अलीगढ़ में चाय का गणित: 1 किलो चीनी से ₹1500 की कमाई, लेकिन बचत कितनी?

वायरल दावे की पड़ताल में सामने आया हिसाब, 100 कप चाय बेचने पर खर्च निकालकर करीब ₹670 ही बचते हैं

अलीगढ़ न्यूज | सोशल मीडिया पर इन दिनों एक हिसाब तेजी से चर्चा में है कि एक किलो चीनी से 100 कप चाय बनती है और 15 रुपये प्रति कप के हिसाब से चाय बेचने वाला 1500 रुपये कमा लेता है। लेकिन 1500 रुपये बिक्री है या वास्तव में दुकानदार की बचत? अलीगढ़ के “चाय की चुस्की टी स्टाइल” के आधार पर किए गए हिसाब में तस्वीर कुछ अलग सामने आती है।

1 किलो चीनी से 100 कप चाय का हिसाब

दिए गए हिसाब के मुताबिक अलीगढ़ में चीनी करीब 70 रुपये किलो है। एक कप चाय में करीब 10 ग्राम चीनी यानी दो चम्मच इस्तेमाल होने पर एक किलो चीनी से लगभग 100 कप चाय तैयार होती है।

अगर एक कप चाय 15 रुपये में बिकती है तो 100 कप से कुल 1500 रुपये की बिक्री होती है। वहीं, चाय की कीमत 20 रुपये होने पर यही बिक्री बढ़कर 2000 रुपये हो जाती है।

लेकिन यह पूरी रकम दुकानदार की कमाई या बचत नहीं है।

एक कप चाय पर करीब 8.30 रुपये खर्च

दिए गए खर्च के अनुसार एक कप चाय में करीब 8.30 रुपये लागत आती है।

  • चीनी : 70 पैसे
  • 80 एमएल दूध : 4.80 रुपये
  • चायपत्ती : 80 पैसे
  • कुल्हड़, गैस, अदरक, इलायची और किराया : करीब 2 रुपये

इस तरह 100 कप चाय बनाने में करीब 830 रुपये का खर्च बैठता है।

15 रुपये की चाय में बचत करीब ₹670

अगर 100 कप चाय 15 रुपये प्रति कप के हिसाब से बिकती है तो कुल बिक्री 1500 रुपये होगी। इसमें 830 रुपये खर्च निकालने के बाद करीब 670 रुपये बचते हैं।

यानी 1500 रुपये को सीधे दुकानदार की बचत मानना सही नहीं है। इस रकम में से चाय बनाने और दुकान चलाने का खर्च भी निकलता है।

20 रुपये की चाय पर कितना बचेगा?

अगर एक कप चाय की कीमत 20 रुपये है तो 100 कप की बिक्री से 2000 रुपये मिलेंगे। 830 रुपये खर्च निकालने के बाद करीब 1170 रुपये बचेंगे।

हालांकि, यह भी पूरे दिन की मेहनत के बाद की राशि है। दिए गए विवरण के अनुसार चाय विक्रेता सुबह करीब छह बजे से रात 10 बजे तक काम करता है।

ज्यादा चीनी तो कम कप चाय

अगर चाय में चम्मच भर-भरकर चीनी डाली जाती है तो एक किलो चीनी से 100 के बजाय करीब 60 कप ही चाय बन सकती है। ऐसी स्थिति में 15 रुपये प्रति कप के हिसाब से बिक्री करीब 900 रुपये रह जाएगी और खर्च निकालने के बाद बचत काफी कम हो जाएगी।

1500 रुपये कमाई है, बचत नहीं

वायरल हिसाब में सबसे बड़ा अंतर बिक्री और बचत के बीच है। 100 कप चाय से 1500 रुपये की बिक्री होना अलग बात है और उसमें से दुकानदार के पास वास्तव में कितनी रकम बचती है, यह अलग गणित है।

महंगाई के बीच चाय की कीमत 15 से बढ़कर 20 रुपये होने पर बिक्री जरूर बढ़ती है, लेकिन इसके पीछे दूध, चीनी, चायपत्ती, गैस और अन्य खर्च भी जुड़े हैं। ऐसे में एक किलो चीनी से 1500 रुपये ‘छापने’ का दावा वास्तविक बचत का आंकड़ा नहीं, बल्कि सिर्फ बिक्री का गणित है।